‘यू शेप अटैक ’क्या है? कुख्यात नक्सली हिडमा ने जवानों को इसमें कैसे फसाया?

लाल हमला - 2021 का सबसे बड़ा नक्सली हमला, 24 जवान शहीद
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छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बीजापुर और सुकमा जिलों के सीमावर्ती इलाके में एक जंगल में नक्सलियों के साथ झड़पों में 20 जवान शहीद हो गए हैं। यह पता चला है कि 2,000 सुरक्षाकर्मियों का एक दल कुख्यात नक्सली हिडमा को पकड़ने के लिए विभिन्न क्षेत्रों के जंगलों में घुस रहे थे। नक्सलियों ने अनुमान लगाया होगा कि जवान पहले आ रहे थे इसलिए उन्होंने जवानों को परेशान नहीं किया और जवानों को घने जंगल में घुसने दिया।

सुरक्षा दल को कई भागों में विभाजित किया गया था। सूत्रों के मुताबिक, कुख्यात नक्सली हिडमा बटालियन ने अपनी घात में जवानों की एक टीम को फंसा लिया। जो U आकार में था। जिसके बाद लगातार यू-आकार में आश्चर्यजनक हमले हुए।

यह ‘यू शेप एम्बुश’ क्या है और इसमें सुरक्षाकर्मी कैसे फंस गए?

सूत्रों के अनुसार, जोनगुडा के पहाड़ी क्षेत्र को एक गुरिल्ला युद्ध क्षेत्र माना जाता है। यहां गुप्त हमले की रणनीति तैयार की गई है जिसे गुरिल्ला युद्ध कहा जाता है। सुरक्षा बलों की सभी टीमों को इनपुट मिल रहा था कि नक्सली कमांडर हिडमा में छिपा है।  जिसके कारण एक के बाद एक यू-आकार के आश्चर्यजनक हमले हुए। जिसमें प्रवेश करने के बाद आगे का रास्ता बंद कर दिया गया था।

सूत्रों के मुताबिक, कुख्यात नक्सली हिडमा बटालियन को यू-आकार के जाल में फंसे सैनिकों ने तीन तरफ से घेर लिया था। हिडमा बटालियन पहाड़ी की चोटी पर थी और यात्रा पर थी। जिस घर में गोलीबारी हुई, वहां के बरामदे पर एक पुलिस अधिकारी द्वारा पकड़े जाने पर उसने खुद पर गोली चला दी।

हर तरफ से घिरे, जवानों ने हिडमा बटालियन को एक करारा जवाब दिया। कुछ जवानों ने जोनागुड़ा के पास गाँव की ओर जाने के लिए वहां जाने की कोशिश की, लेकिन नक्सलियों ने वहाँ भी जवानों का पीछा किया और गोलियां चला दीं। नक्सलियों ने हमला किया, हथियार लूटे, सामान लूटे और पीछे जंगलों में भाग गए।

यह भी पता चला है कि 25 लाख रुपये का इनामी नक्सली कमांडर मडवी हिडमा सुरक्षा में सबसे घातक नक्सली टीम है। इस टीम के पास आधुनिक हथियार हैं। नक्सलियों के साथ झड़प में मौके पर मौजूद एक जवान ने कहा कि टीम में लगभग 800 नक्सली थे। चलते-चलते उसने हमला कर दिया।

 


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