उदयपुर के मानसून का कोटा अगस्त में ही पूरा हुआ, पूरे सीजन में 591 मिमी बरसात होनी थी, अब तक 667 मिमी हुई

उदयपुर के मानसून का कोटा अगस्त में ही पूरा हुआ, पूरे सीजन में 591 मिमी बरसात होनी थी, अब तक 667 मिमी हुई
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उदयपुर (नगर संवाददाता)। उदयपुर में पिछले 10 दिनों में हुई जबरदस्त बरसात ने उदयपुर की पूरी मानसूनी बरसात का कोटा पूरा कर दिया है। उदयपुर में 18 अगस्त तक 667.65 मिमी बरसात हुई है। जो कि मानसून सीजन में होने वाली औसतन बरसात से 75 मिमी ज्यादा है। उदयपुर में मानसून सीजन में औसतन 591 मिमी बरसात को सामान्य माना जाता है। यह बरसात जून से सितम्बर के महीनों में रिकॉर्ड की जाती है। अभी मानसून सीजन खत्म होने में 42 दिन बाकी हैं और उदयपुर का मानसून का कोटा पूरा हो चुका है।

पिछले साल से 124 मिमी ज्यादा बरसात हुई

सामान्य तौर पर इस समय तक उदयपुर में 433 मिमी बरसात होती है। मगर इस साल अब तक 667 मिमी पानी बरस चुका है, जो की सामान्य से 54 प्रतिशत ज्यादा है। वहीं यह पिछले साल पूरे सीजन में हुई बरसात के मुकाबले भी काफी ज्यादा है। 2021 में 30 सितम्बर तक पूरे मानसून सीजन में सिर्फ 543 मिमी बरसात हुई थी। मानसून में अभी और समय होने के चलते माना जा रहा है कि इस बार उदयपुर में बरसात के कई रिकॉर्ड टूट सकते हैं।

आकोदड़ा महज 2 फीट, देवास 3.5 फीट खाली

इधर पिछले दिनों हुई बरसात से बांधों के कैचमेंट से पानी की आवक लगातार जारी है। इससे उदयपुर के दो और प्रमुख बांध भरने की कगार पर हैं। 60.36 फीट क्षमता वाला आकोदड़ा बांध 58.50 फीट के पार पहुंच चुका है। यह 2 फीट से भी कम खाली है। वहीं 34 फीट क्षमता वाला देवास बांध का जलस्तर भी 30.4 फीट हो गया है। इधर मानसी वाकल में भी लगातार पानी की आवक हो रही है। यह अब 4.250 मीटर ही खाली है।

जयसमंद का जलस्तर 5.62 मीटर पर पहुंचा

पिछले दिनों जयसमंद इलाके में हुई अच्छी बरसात से जयसमंद झील में तेजी से आवक हो रही है। 8.38 मीटर क्षमता वाली जयसमंद झील का जलस्तर 5.62 मीटर पर पहुंच चुका है। वहीं बड़ी झील में भी लगातार पानी की आवक हो रही है। इन पांच बांधों के अलावा उदयपुर के लगभग सभी प्रमुख बांध छलक चुके हैं। वहीं वल्लभनगर के ओवरफ्लो होने से अब चित्तौडग़ढ़ के बढग़ांव बांध में भी आवक तेज हो गई है। यह 16 फीट के पार हो गया है।

कोटड़ा में 33, जयसमंद में 30 मिमी बरसात हुई

इधर मेवाड़ में मानसूनी सिस्टम कमजोर पडऩे के बावजूद गुरूवार को कई जगह बरसात हुई। पिछले 24 घंटे में सबसे ज्यादा 33 मिमी बरसात कोटड़ा में हुई। इसके अलावा जयसमंद में 30, देवास में 23, ऋषभदेव में 22, खेरवाड़ा और ओगणा में 19, झाड़ोल में 12 और गोगुंदा में 10 मिमी बरसात हुई। मौसम विभाग का अनुमान है कि 22 अगस्त से उदयपुर में मानसून का अगला दौर शुरू होगा।

भींडर व आसपास के क्षेत्र का मुख्य पेयजल स्त्रोत झड़ू बांध शुक्रवार को छलक गया। बांध के छलकने से रपट पर एक इंच की चादर चली। हर वर्ष लगभग सितंबर माह के पहले सप्ताह में भरने वाला झड़ू बाँध इस बार भारी बारिश के चलते करीब एक माह पहले ही भर गया। बांध के भरने से भींडर व आसपास के करीब 25 हज़ार लोगों की साल भर पीने के पानी की आपूर्ति हो सकेगी। बांध की गहराई करीब 15 मीटर व भराव क्षमता 26 एमसीएफटी है। बांध की मुख्य आवक आमलिया व बेजरडा से आने वाले पानी से होती है।


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