‘स्पूतनिक वी’ की दूसरी खेप भारत पहुंची – भारत में जल्द बनेगी स्पुतनिक की सिंगल-डोज वैक्सीन

According to the rules of the destination country, passengers will be able to get precaution dose
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नई दिल्ली (एजेंसी)। कोरोना की दूसरी लहर की चपेट में आए भारत को वैक्सीन की किल्लत का भी सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में भारत में कोरोना वायरस के खिलाफ जंग में कोविशील्ड और कोवैक्सीन के बाद अब एक और वैक्सीन स्पूतनिक-वी भी अगले सप्ताह से मार्केट में उपलब्ध होगी।

इस सब के बीच भारत में रूसी राजदूत एन कुदाशेव ने  कहा कि स्पुतनिक वी रूसी-भारतीय टीका है। हम उम्मीद करते हैं कि भारत में इसका उत्पादन धीरे-धीरे बढ़ाकर 85 करोड़ खुराक  प्रति वर्ष तक किया जाएगा। भारत में जल्द ही स्पुतनिक की सिंगल-डोज वैक्सीन पेश करने की योजना है।

– स्पुतनिक पर खड़े हुए थे सवाल

स्पुतनिक की क्षमता पर शुरूआत में सवाल खड़े किए गए थे, मगर बाद में जब इस साल फरवरी में ट्रायल के डेटा को द लांसेट में पब्लिश किया गया तो इसमें इस वैक्सीन को सेफ और इफेक्टिव बताया गया। दरअसल कोविड-19 के रूसी टीके ‘स्पूतनिक-वीÓ के तीसरे चरण के परीक्षण में यह 91.6 प्रतिशत प्रभावी साबित हुई है और कोई दुष्प्रभाव भी नजर नहीं आया। ‘द लांसेटÓ जर्नल में प्रकाशित आंकड़ों के अंतरिम विश्लेषण में यह दावा किया गया है।

भारत में आपात उपयोग की मंजूरी

इसके बाद अप्रैल में भारत में रूसी कोरोना टीके ‘स्पूतनिक वीÓ के आपात इस्तेमाल को मंजूरी दे दी गई। भारत के केंद्रीय औषधि प्राधिकरण की एक विशेषज्ञ समिति ने देश में कुछ शर्तों के साथ रूसी कोरोना टीके ‘स्पूतनिक वी’ के आपात इस्तेमाल को मंजूरी देने की सिफारिश की थी, जिस पर भारत के औषधि महानियंत्रक (डीसीजीआई) ने अपनी मुहर लगाई। गमालया इंस्टीट्यूट ने दावा किया की कि स्पुतनिक-वी कोरोना के खिलाफ अब तक विकसित सभी टीकों में सबसे अधिक प्रभावी है।

रूस की कोरोना वायरस वैक्सीन ‘स्पूतनिक वी’ की दूसरी खेप रविवार को भारत पहुंची। भारत में रूस के राजदूत निकोले कुदाशेव ने यह जानकारी दी। ‘स्पूतनिक वी’ की दूसरी रविवार को हैदराबाद पहुंची। कुदाशेव ने ट््वीट कर कहा, ‘स्पूतनिक वी’ की दूसरी खेप हैदराबाद पहुंच गई है। हम हम यह देखकर खुश हैं कि कोविड-19 के खिलाफ रूस-भारत की संयुक्त लड़ाई मजबूती से आगे बढ़ रही है। रूसी राजदूत ने कहा कि ‘स्पूतनिक वी’ कोरोना के नये स्ट्रेन के खिलाफ भी प्रभावी है और वैक्सीन की दूसरा खेप समय पर भारत पहुंच गई है। ‘स्पूतनिक वी’ की पहली खेप एक मई को भारत पहुंची थी। इसके बाद 14 मई को हैदराबाद में इस वैक्सीन की पहली खुराक दी गई।


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