न कोई कट या चीरा: देश में पहली बार राजू श्रीवास्तव के शव का हुआ वर्चुअल पोस्टमार्टम, परिवार ने मना कर दिया था पोस्टमार्टम करने पर एम्स प्रशासन ने वर्चुअल पोस्टमार्टम का फैसला लिया

No cut or incision: Virtual post mortem of Raju Srivastava's dead body for the first time in the country
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नई दिल्ली (एजेंसी)। जब किसी अपने करीबी की मृत्यु होती है और पुलिस केस होने की वजह से पोस्टमार्टम का जिक्र होता है तो हर परिवार इस प्रक्रिया से बचना चाहता है। दिवंगत कॉमेडियन राजू श्रीवास्तव के परिवार की भी यही मांग थी कि उनका पोस्टमार्टम ना कराया जाए। लेकिन राजू श्रीवास्तव को बेहोशी की हालत में एम्स दिल्ली में एडमिट कराया गया था। इसके साथ ही यह एक पुलिस केस भी था, ऐसे में डॉक्टरों को पोस्टमार्टम की प्रक्रिया को पूरा करना था। राजू श्रीवास्तव के परिवार की मांग को ध्यान में रखते हुए एम्स प्रशासन ने वर्चुअल पोस्टमार्टम करने का फैसला लिया। देश में यह पहली बार किसी शव के वर्चुअल पोस्टमार्टम का मामला है ।

पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आया है कि राजू श्रीवास्तव के शरीर पर बाहरी चोट के निशान नहीं हैं। 42 दिनों तक इलाज चलने की वजह से बॉडी पर केवल इंजेक्शन के निशान पाए गए हैं।  रिपोर्ट्स के मुताबिक ऐसा इसलिए किया गया है, ताकि कल को कोई कॉमेडियन के निधन के कारण को मुद्दा न बनाए।

मालूम हो कि भारत ही नहीं बल्कि पूरे साउथ ईस्ट एशिया में यह पहला वर्चुअल ऑटोप्सी सेंटर है। एमके फॉरेंसिक मेडिसिन विभाग के हेड डॉक्टर सुधीर गुप्ता ने वर्चुअल पोस्टमार्टम के बारे में बताते हुए कहा कि अपनों के निधन के बाद परिवार पहले से गमगीन होते हैं। ऐसे में हमने एक रिसर्च भी करायी और 90 फीसदी से ज्यादा लोगों ने पोस्टमार्टम प्रक्रिया को ना चुनने का पक्ष चुना। वर्चुअल पोस्टमार्टम के दौरान डेड बॉडी पर डॉक्टर कोई कट या चीरा नहीं लगाते। बिना पार्थिव शरीर को छुए ही पूरी बॉडी स्कैन होती है और डॉक्टर की टीम बड़े स्क्रीन पर बैठकर छोटी-छोटी जानकारियों को बारी बारी से परखती है।

दिवंगत राजू श्रीवास्तव के पार्थिव शरीर की वर्चुअल पोस्टमार्टम प्रक्रिया होने के बाद उनका शव उनके परिवार को सौंप दिया गया है। गौरतलब है कि राजू श्रीवास्तव को दिल का दौरा पडऩे के बाद 10 अगस्त को दिल्ली के एम्स में भर्ती कराया गया था। राजू श्रीवास्तव 15 दिनों तक वेंटिलेटर सपोर्ट पर थे, जिसके बाद उन्हें होश आया था। हालांकि 1 सितंबर को 100 डिग्री तक बुखार आने के बाद वह फिर से वेंटिलेटर सपोर्ट पर थे। आज सुबह उनका निधन हो गया।


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