10 करोड़ का MobiKwik कंपनी का डाटा लीक; कंपनी ने किया इससे इनकार

10 करोड़ का MobiKwik कंपनी का डाटा लीक
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हाल ही में खबरें आ रही हैं कि मोबिक्विक यूजर्स का पर्सनल डाटा मोबाइल नंबर, क्रेडिट कार्ड नंबर बैंक खाता डिटेल, ईमेल जैसे डेटा लीक हो गए हैं। लीक हुए डाटा करीब 10 करोड़ लोगों का था। हालांकि इस खबर से डिजिटल भुगतान कंपनी ने दृढ़ता से नकार दिया है। डेटा लीक का खुलासा साइबर सिक्योरिटी एनालिस्ट राजशेखर राजघरिया ने किया हैं।

जॉर्डन ड्वेन के नाम से एक हैकर समूह ने पीटीआई को डेटाबेस के लिंक को ईमेल किया और कहा कि कंपनी से पैसा पाने और अपने अंत से इसे हटाने के अलावा डेटा का उपयोग करने का उनका कोई इरादा नहीं है। जॉर्डन ड्वेन ने मोबिक्विक के संस्थापक बिपिन प्रीत सिंह और मोबिक्विक के सीईओ उपासना टाकु के डेटा को डेटाबेस से साझा किया।

मोबिक्विक ने दावे से किया इनकार

कंपनी के प्रवक्ता ने कहा कि एक वह डेटा सुरक्षा को बहुत गंभीरता से लेते है और लागू डेटा सुरक्षा कानूनों की पूरी तरह से अनुपालना करते है।

जैसे ही इस मामले की सूचना मिली, कंपनी ने इसकी पूरी जांच की। मोबिक्विक के प्रवक्ता ने कहा कि बाहरी सुरक्षा विशेषज्ञों और उल्लंघन का कोई सबूत नहीं मिला।

हैकर्स के अपलोड किए सबूत पर MobiKwik ने दिया अपना मत

हैकर्स के अनुसार डेटाबेस मोबिक्विक का है इसके साथ ही मोबिक्विक QR कोड की कई तस्वीरें सामने आई हैं।

MobiKwik ने कहा कि एक मीडिया-कथित सुरक्षा शोधकर्ता ने पिछले सप्ताह बार-बार मनगढ़ंत फाइलें प्रस्तुत कीं, जो हमारे संगठन के कीमती समय को बर्बाद करती हैं। इससे मीडिया का ध्यान खींचा जा रहा है। हमने उनके आरोपों की गहन जांच की और कोई सुरक्षा चूक नहीं पाई। मोबिक्विक ने कहा कि वह इस मामले पर अधिकारियों के साथ मिलकर काम कर रहा है।

कंपनी ने कहा कि सभी MobiKwik यूजर्स के खाते पूरी तरह से सुरक्षित हैं।

क्या-क्या खतरे हो सकते हैं

राजाहरिया ने बताया कि अधिकारियों को तुरंत डेटा लीक की पूरी तरह से जांच करनी चाहिए क्योंकि इसमें व्यापक प्रभाव हैं जो संभावित रूप से कई वित्तीय धोखाधड़ी का कारण बन सकते हैं।

राजाहरिया ने कहा कि, “कार्ड नंबर अब सार्वजनिक हो गए हैं क्योंकि उनका एन्क्रिप्शन एल्गोरिदम अब सार्वजनिक हो गया है। यह बड़े पैमाने पर  बैंकों के लिए खतरा हो सकता है। उन्होंने कहा कि सभी को अपने पैसे सुरक्षित रखने के लिए तुरंत अपने बैंक खाते, क्रेडिट कार्ड आदि का पासवर्ड बदलना चाहिए।

MobiKwik ने लॉन्च किया अपना lite एंड्रॉइड ऐप:

भारत में तीसरा सबसे बड़ा मोबाइल वॉलेट मोबिक्विक, एक नया लाइट एंड्रॉइड ऐप है। इसका साइज अब 5MB तक कम हो गया है और कंपनी का दावा है कि यह देश का सबसे हल्का मोबाइल वॉलेट ऐप है।


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