लोजपा की संसदीय बोर्ड की बैठक टली

लोजपा की संसदीय बोर्ड की बैठक टली
Share

नई दिल्ली (एजेंसी)। लोकजनशक्ति पार्टी की शनिवार को होने वाली संसदीय बोर्ड की बैठक टल गई है। केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान के अस्वस्थ होने के कारण बैठक को टाला गया है। लोजपा प्रमुख चिराग पासवान अपने पिता रामविलास पासवान को देखने के लिए अस्पताल पहुंचे। रामविलास पासवान दिल्ली के अस्पताल में भर्ती हैं।
लोजपा संसदीय बोर्ड की बैठक शाम 6 बजे होने वाली थी। चुनाव से पहले ये उसकी आखिरी बैठक है। अभी तक भाजपा और लोजपा में सीट शेयरिंग को लेकर बात नहीं बन पाई है। माना जा रहा है कि लोजपा बिहार में अकेले चुनाव लड़ सकती है। रविवार को इसका औपचारिक ऐलान हो सकता है।

संभव है कि लोजपा 143 सीटों पर उम्मीदवार उतारने की घोषणा भी कर दे। पहली सूची में 56 प्रत्याशियों का नाम हो सकता है। लोजपा का अलग होना बिहार में एनडीए के लिए एक बड़ा झटका हो सकता है। लोजपा प्रमुख चिराग पासवान ने बीते महीने भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा से पांच बार मुलाकात की थी। वहीं एक बार वह गृह मंत्री अमित शाह से भी मिले थे। लोजपा के सूत्रों की मानें तो पार्टी को केवल 15 से 20 सीटों का ऑफर मिला है। लेकिन लोजपा ने 42 सीटों की मांग रखी है। जदयू नेता पहले ही कह चुके है कि उसका लोजपा से गठबंधन नहीं है। भाजपा अपने हिस्से से लोजपा के साथ सीटें साझा करे।

दूसरी तरफ जदयू और भाजपा के बीच भी सीटों के बंटवारे को लेकर अभी तक बात नहीं बन पाई है। सूत्रों के मुताबिक, जदयू चुनाव में भाजपा से ज्यादा सीटों पर लडऩा चाहती है। अगर लोजपा एनडीए गठबंधन से बाहर जाती हैं तो लोजपा अपने उम्मीदवार भाजपा के खिलाफ नहीं उतारेगी। लोजपा अपने को भाजपा के गठबंधन के तौर पर ही पेश करेगी। पार्टी प्र.म. नरेंद्र मोदी, रामविलास पासवान और चिराग पासवान के नाम पर लड़ेगी। लेकिन जदयू के खिलाफ हर सीट पर वह उम्मीदवार उतारेगी। सूत्रों की मानें तो केंद्र में भाजपा और लोजपा का गठबंधन जारी रहेगा। रामविलास पासवान केंद्र सरकार में मंत्री बने रहेंगे।


Share