खुशबू पहली ऐक्ट्रेस जिनके नाम पर बना मंदिर

खुशबू पहली ऐक्ट्रेस जिनके नाम पर बना मंदिर
Share

चेन्नै (एजेंसी)। तमिल सिनेमा का नामचीन चेहरा ऐक्ट्रेस खुशबू सुंदर ने कांग्रेस की प्राथमिक सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है। 2014 में डीएमके छोड़कर कांग्रेस में शामिल हुईं खुशबू के भाजपा में जाने की अटकलों के बीच कांग्रेस ने उन्हें राष्ट्रीय प्रवक्ता के पद से हटा दिया था। हाल के दिनों में खुशबू सुंदर कुछ मुद्दों पर कांग्रेस के आधिकारिक रूख से अलग राय जाहिर कर रही थीं। बताया जा रहा है कि 2019 के लोकसभा चुनाव में टिकट नहीं मिलने के बाद से खुशबू सुंदर कांग्रेस नेतृत्व से नाराज चल रही थीं। कुछ महीने पहले उन्होंने पार्टी के रूख से इतर नई शिक्षा नीति का समर्थन किया था। कांग्रेस अध्यक्ष को लिखे पत्र में भी उन्होंने कहा कि कुछ तत्व पार्टी के भीतर उच्च स्तर पर बैठे हैं, जिन लोगों की जमीनी हकीकत या सार्वजनिक मान्यता से कोई जुड़ाव नहीं है। वे शर्तें तय कर रहे हैं।

2010 में करूणानिधि डीएमके में लेकर आए

दक्षिण भारतीय फिल्मों की मशहूर अभिनेत्री खुशबू सुंदर साल नवंबर 2014 में कांग्रेस में शामिल हुई थीं। इससे पहले वह 2010 से लेकर जून 2014 तक डीएमके में रही थीं। खुशबू की लोकप्रियता ही थी कि साल 2010 में उन्हें खुद डीएमके चीफ करूणानिधि पार्टी में लेकर आए थे।

यूं शुरू हुआ नखत खान उर्फ खुशबू का फिल्मी करियर

50 वर्षीय खुशबू का जन्म मुंबई में हुआ था और उनका असली नाम नखत खान है। हिंदी फिल्मों में बतौर बाल कलाकार करियर शुरू करने वाली खुशबू दिनों-दिन सफलता की सीढिय़ां चढ़ती चली गईं। खुशबू की पहली फिल्म ‘द बर्निंग ट्रेनÓ थी। फिल्म के गाने ‘तेरी है जमीन तेरा आसमानÓ में वह नजर आई थीं। इसके बाद उन्होंने कालिया, दर्द का रिश्ता, नसीब और लावारिस जैसी फिल्मों में काम किया। हालांकि बॉलिवुड में उनका करियर बहुत अच्छा नहीं रहा जिसके बाद उन्होंने 1986 में तमिल फिल्म इंडस्ट्री का रूख किया। साउथ फिल्म इंडस्ट्री में वह लगभग 200 फिल्में कर चुकी हैं।


Share