फोन-टैपिंग केस में गहलोत के ओएसडी से फिर होगी पूछताछ

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जयपुर (कार्यालय संवाददाता)। फोन टैपिंग केस में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के ओएसडी को दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच फिर पूछताछ के लिए तलब करने की तैयारी में है। सीएम के ओएसडी लोकेश शर्मा को दिल्ली हाईकोर्ट ने पूछताछ में सहयोग करने की हिदायत देते हुए गिरफ्तारी पर लगी रोक बरकरार रखी है। फोन टैपिंग कांड में सोमवार को दिल्ली हाईकोर्ट में पहली बार सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों में बहस हुई। करीब 40 मिनट तक बहस सुनने के बाद कोर्ट ने इस मामले में सुनवाई की अगली तारीख 14 जुलाई तय की है। 14 जुलाई तक सीएम के ओएसडी की गिरफ्तारी पर रोक जारी रखी है। इस केस में अब कभी भी नया डवलपमेंट सामने आ सकता है। इस बार कोर्ट ने सीएम के ओएसडी लोकेश शर्मा को निर्देश जारी किए कि क्राइम ब्रांच जब भी उन्हें पूछताछ के लिए बुलाए उन्हें आना होगा। क्राइम ब्रांच ने कोर्ट में यह आशंका जताई कि नो कॉरेसिव एक्शन के कोर्ट के आदेश के चलते लोकेश शर्मा पूछताछ में सहयोग नहीं करेंगे। क्राइम ब्रांच ने कोर्ट में तर्क दिया कि पिछली बार सीएम के ओएसडी लोकेश शर्मा ने क्राइम ब्रांच जो भी बताया वह सब झूठ था। इस पर कोर्ट ने निर्देश दिए कि यदि लोकेश शर्मा क्राइम ब्रांच की पूछताछ में सहयोग नहीं करते हैं तो क्राइम ब्रांच कोई जबरदस्ती कार्रवाई नहीं करने की अपील कोर्ट में दायर करने के लिए स्वतंत्र होगी।

क्राइम ब्रांच गिरफ्तारी से रोक हटाने की याचिका भी लगा सकती है

अब कोर्ट से निर्देश मिलने के बाद क्राइम ब्रांच शर्मा को पूछताछ के लिए फिर से नोटिस देगी। ऐसे में माना जा रहा है कि दिल्ली पुलिस पूछताछ में सहयोग नहीं करने का तर्क देकर गिरफ्तारी से रोक हटाने की याचिका दायर कर सकती है। इससे पहले भी क्राइम ब्रांच शर्मा को पूछताछ के लिए दिल्ली बुला चुकी है। इसमें एक बार लोकेश शर्मा पूछताछ में शामिल भी हुए थे जिसमें उनसे करीब डेढ़ घंटे तक सवाल किए गए थे।


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