‘एक मुट्ठी चावल’ के जरिए किसानों को साधेगी भाजपा

'एक मुट्ठी चावल' के जरिए किसानों को साधेगी भाजपा
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-नड्डा शुरू करेंगे महाभियान

– पूरे माह को कृषक सुरक्षा के रूप में मनाएगी भाजपा

-48 हजार गांवों-74 लाख किसानों से जुडऩे का प्रयास

कोलकाता (एजेंसी)। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी ने अपने कैंपेन को रफ्तार देना शुरू कर दिया है। भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा शनिवार को बर्धमान का दौरा कर रहे हैं, जहां से भाजपा बंगाल के किसानों तक पहुंचने के लिए बड़े कैंपेन की शुरूआत करने जा रही है।

जेपी नड्डा इस दौरान जिले के क्षेत्र में किसानों के घर का दौरा करेंगे और एक मुट्ठी चावल को एकत्रित करेंगे। भाजपा अध्यक्ष के द्वारा इस अभियान की शुरुआत के बाद राज्य में भाजपा कार्यकर्ता इसे आगे बढ़ाएंगे।

भाजपा पूरे जनवरी महीने को कृषक सुरक्षा के रूप में मनाने जा रही है। भाजपा का लक्ष्य बंगाल के 23 जिलों के 48 हजार गांवों में पहुंचना है। इसके जरिए भाजपा सीधे 74 लाख किसानों से जुड़ेगी। इस अभियान की शुरूआत बर्धमान से हो रही है, जिसे राज्य का चावल का कटोरा कहा जाता है।

भाजपा की ओर से किसानों तक पहुंचने के लिए कृषक सुरक्षा ग्राम सभा का गठन किया गया है। दरअसल, कृषि कानून और किसान आंदोलन के मोर्चे पर टीएमसी की ओर से लगातार मोदी सरकार को किसान विरोधी करार दिया जा रहा है। यही कारण है कि अब भाजपा ने बंगाल में ‘एक मुठो चाल’ (एक मुट्ठी चावल) का कैंपेन लॉन्च करने का फैसला लिया है।

इस कैंपेन को लेकर भाजपा के अरविंद मेनन ने बताया कि 9 जनवरी को भाजपा के अध्यक्ष जेपी नड्डा इस अभियान की शुरूआत करेंगे। नड्डा अपने दौरे के दौरान 5-10 किसान परिवारों के घर का दौरा करेंगे, जहां से वो चावल लेंगे। साथ ही एक किसान के घर पर खाना भी खाएंगे। भाजपा नेता के मुताबिक, सिर्फ किसान ही नहीं हम समाज के अन्य तबकों को भी साथ लेंगे। अपने दौरे के दौरान जेपी नड्डा बर्धमान में किसानों को संबोधित भी करेंगे और मोदी सरकार द्वारा किसानों के लिए किए गए कामों को गिनाएंगे।

भाजपा के इस कैंपेन से पहले ही टीएमसी ने हमला बोलना शुरू कर दिया है। गुरूवार को ही टीएमसी सरकार में मंत्री चंद्रमा भट्टाचार्य ने भाजपा पर निशाना साधा और कहा कि क्या भाजपा किसानों का ध्यान रख रही है, क्या उन्होंने दिल्ली को नहीं देखा है। दिल्ली में किसान इतनी ठंड में प्रदर्शन कर रहे हैं, नड्डा जी उसपर क्या कहना चाहेंगे। अगर वो यहां आकर किसानों से बात करना चाहते हैं, तो कर सकते हैं क्योंकि बंगाल लोकतांत्रिक राज्य है।


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