बंगाल की जंग में गूंजेगा शिक्षा का ‘बनारस मॉडल’

बंगाल की जंग में गूंजेगा शिक्षा का 'बनारस मॉडल'
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भाजपा एजेंडे में करेगी शामिल

वाराणसी (एजेंसी)। देश भर में तारीफ बटोर रहे वाराणसी के शिक्षा मॉडल की गूंज अब बंगाल विधानसभा चुनाव में भी सुनाई देगी। भारतीय जनता पार्टी बंगाल चुनाव में भी वाराणसी के शिक्षा मॉडल को प्रचारित करेगी। बेसिक शिक्षा के बुनियादे ढांचे के बदलाव और ऑनलाइन एजुकेशन के जरिए आसान और सरल बना बनारस का शिक्षा मॉडल एक बार फिर चर्चा में दिखाई देगा। आगामी बंगाल चुनाव में भाजपा इसे अपने एजेंडे में शामिल करेगी।

माना जा रहा है कि पार्टी के घोषणापत्र में इसको जगह देते हुए बनारस के शिक्षा मॉडल का वादा बंगाल में पार्टी करेगी। याद होगा कि कोरोना काल में जहां सभी जिलों में स्कूल बंद थे, वहीं प्र.म. मोदी के संसदीय क्षेत्र में बच्चों को सरकारी स्कूल से जोड़े रखने के लिए एक अनूठी पहल की गई थी। खुद सीएम योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर डीएम वाराणसी की ओर से ये पहल की गई थी। इसमें मेरा घर, मेरा विद्यालय और कायाकल्प योजना शामिल थी। मेरा घर, मेरा विद्यालय योजना के तहत स्कूल खुद बच्चों के घर पहुंचा और कोरोना काल में भी बच्चों की शिक्षा बदस्तूर जारी रही। वहीं कायाकल्प योजना के तहत स्कूलों का सुंदरीकरण, स्मार्ट क्लास, मॉडल स्कूल, दीक्षा एप जैसे कई अहम बदलाव शामिल रहे।

सीएम योगी ने की तारीफ

खुद सीएम योगी ने इसकी तारीफ करते हुए पूरे सूबे में बनारस के शिक्षा मॉडल को लागू किया था। मेरा घर, मेरा विद्यालय स्कूल के तहत जिले के कई इलाकों में अब भी स्कूल जारी हैं। शिक्षिका रीता यादव बताती हैं कि कैसे हम सभी वाराणसी के शिक्षकों ने कोरोना काल में हमने एक छोटी सी शुरूआत की थी। रीता कहती हैं कि शुरूआती थोड़ी मुश्किल थी लेकिन परिणाम आज हमें गर्व से भर देते हैं।

यूपी ही नहीं पूरे देश में इस मॉडल की सराहना होने के बाद अब भाजपा इसे अपने एजेंडे में शामिल करेगी। इसकी जानकारी काशी क्षेत्र के अध्यक्ष महेशचंद्र श्रीवास्तव ने दी। महेशचंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि प्र.म. मोदी के नेतृत्व में बनारस के शिक्षा मॉडल से आए बदलाव को पश्चिम बंगाल चुनाव समेत पूरे देश में प्रचारित किया जाएगा। बनारस मॉडल के तहत कोरोना काल में जहां घर पर टीचर पहुंच रहे हैं, वहीं अपने वेतन का कुछ अंश लगाकर टीचर्स ने स्कूल को संवारने की कवायद की। इसके लिए संभ्रांत लोग, सामाजिक संस्थाओं, अधिकारियों की भी मदद ली गई। पिछले दिनों राज्य स्तरीय गुणवत्ता संवर्धन कार्यशाला में कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर ने जहां इसकी तारीफ की थी तो अब बंगाल चुनाव में भी शिक्षा के इस बनारस मॉडल की चर्चा आने वाले वक्त में होगी।


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