Wednesday , 26 February 2020
Top Headlines:
Home » Udaipur » क्षमापना दिवस के रूप में मनाया संवत्सरी

क्षमापना दिवस के रूप में मनाया संवत्सरी

sanvatsariउदयपुर। साध्वी कीर्तिलता ठाणा-4 ने श्रावक-श्राविकाओं को संवत्सरी पर कहा कि संवत्सरी महापर्व आत्म निरीक्षण का पर्व है। गत वर्ष में किए गए कार्यों का आत्मावलोकन करें तथा प्रतिक्रमण के अवसर पर गत वर्ष में आई राग-द्वेष ग्रंथि को समाप्त करें।
वे श्री जैन श्वेताम्बर तेरापंथी सभा की ओर से अणुव्रत चौक स्थित तेरापंथ भवन में पर्यूषण के अंतिम दिन संवत्सरी महापर्व पर क्षमापना दिवस के रूप में आयोजित धर्मसभा को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने चंदनबाला का पूर्ण वृतांत सुनाया। संवत्सरी पर पांच हजार से अधिक श्रावक-श्राविकाओं ने निराहार रहकर उपवास किए। बुधवार को खमतखामणा की जाएगी। साध्वी श्रेष्ठप्रभा ने कहा कि कषायों को हल्का करें। एक-दूसरे को क्षमा का भाव रखें। साध्वी शांतिलता एवं साध्वी पूनमप्रभा ने कहा कि पर्यूषण के आठ दिन एक साधना है, यज्ञ है। तेरापंथ सभाध्यक्ष सूर्यप्रकाश मेहता ने बताया कि संवत्सरी पर्व पर मंगलवार सुबह से तेरापंथ भवन में अलसुबह आरंभ हुई ज्ञान की गंगा दिन भर चलती रही। मेहता, राजकुमार फत्तावत, चन्द्रा बोहरा, शशि चह्वाण राकेश नाहर आदि तपस्वियों को मंगलकामनाएं दीं। इससे पूर्व रात को आध्यात्मिक फैंसी ड्रेस स्पर्धा का आयोजन हुआ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*