Thursday , 23 November 2017
Breaking News
Home » Twitter » Twitter : Suresh Goyal

Twitter : Suresh Goyal

  • कांग्रेस को यह हो क्या गया? … सत्ता के बगैर एसी छटपटाहट? … अब मोदी को गाली देने की क्या जरूरत थी? … अपने आप ही खुद को पराजित सिद्ध कर रहे … कहते ही हैं कि हार्यो गंडक छियां दे
  • मोदी को तो कह दिया कि जा चाय बेच मगर यह नहीं सोचा कि इसका सीधा असर सोनिया पर पड़ेगा … मोदी के अतीत में झांकोगे तो भाजपा भी सोनिया के अतीत की परतें उधेड़ीगी ही …. परेश रावल ने यही किया
  • कांग्रेस को इतना तो याद रखना चाहिये था कि मणिशंकर ने 2014 में मोदी को चाय की दुकान खोलने की पेशकश की और खुद 44 पर आ गये …
  • अभी गुजरात में चुनाव हैं, मोदी को गाली आम गुजराती को गाली है, उसने प्रतिक्रिया दे दी तो?
    तू चाय बेच … हम देश बेचते हैं … हा … हा …
  • भाजपा वाले तो गर्व से कह सकते हैं – हमारा नेता मोदी चाय बेचता था, क्या कांग्रेस वाले सोनिया के लिये कह सकते हैं कि वो क्या करती थी

    मोदी तो मौका पड़ा तो वापस चाय भी बेच देगा मगर क्या सोनिया वापस वो कर सकेगी जो वो करती थी?
  • कांग्रेस ने सिद्ध कर दिया है कि एक गरीब अपनी मेहनत व ईमानदारी से शीर्ष पर पहुँचा है। … इससे हर कोई यही सोचता है कि जनता के पैसों से एश करने वाले ठाले से तो एक गरीब मेहनतकश बढिया
  • लोगों को तुलना करने से नहीं रोक सकते … एक की मां बर्तन मांझती थी, दूसरे की प्लेटें धोती थी, एक चाय बेचता था दूसरे की मां चाय परोसती थी … एक यह सब गर्व से स्वीकारता दूसरा इसे नकारता … सोचने वाले कुछ भी सोच सकते
  • त्रिपुरा में पत्रकार की हत्या … कहीं कोई बावेला नहीं? … श्शश्शश्श …! चुप्प! … वहां कम्युनिस्टों की सरकार है, भाजपा की नहीं!
  • कर्नाटक विधानसभा ने कांग्रेस विधायकों के खिलाफ लेख लिखने पर दो लोकप्रिय पत्रकारों को जेल में डाला … ये हैं अभिव्यक्ति की आजादी के चेम्पियन!!
  • राबड़ी कह रही कि बिहार के कई लोग मोदी का गला रेतने व उनके हाथ काटने को तैयार बैठे …. प्रदेश की एक भू.पू. मुख्यमंत्री यह कह रही मगर कोई हाय तौबा नहीं …. क्यूं नहीं इसे गिरफ्तार कर साजिश करने वालों के नाम उगलवाये जाते?
  • हार्दिक पटेल ने अन्तत: कांग्रेस के समक्ष समर्पण किया … चलो नाटक खत्म हुआ … हार्दिक कह रहा कि कांग्रेस ने आरक्षण का आश्वासन दिया है जो कि संभव नहीं। धारा 46 कमजोर वर्गों हेतु है जबकि पिछड़ा आयोग इनकी मांग पहले ही ठुकरा चुका
  • आजम खान कह रहा कि मुसलमानों ने मुगले आजम का विरोध नहीं किया था …. करते भी क्यूं? उसमें तो मुगलों का महिमा मंडन हुआ था।
  • मुगलों के अत्याचार, जबरन धर्मान्तरण, लूटपाट, बलात्कार, हत्याएं बताते तब पता चलता
  • जिम्बाब्वे में मुगाबे को उसीकी पार्टी ने डांग पर लात मार कर बाहर किया। जनता जश्न मना रही। जो लोग देश को अपनी पारिवारिक जागीर बनाना चाहते वे मुगाबे के हश्र से सबक लें

One comment

  1. न्‍यायालय द्वारा पटरखों पर लगाई गई रोक के लिए सरकार या प्रधानमंत्री को कैसे दोषी ठहरा सकते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*