Thursday , 21 June 2018
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‘कमीशन वाली सरकार चाहिए या मिशन वाली’

मैसूर। कर्नाटक विधानसभा चुनाव में फतह हासिल करने के लिए भाजपा और कांग्रेस दोनों जोर-शोर से जुटी हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कर्नाटक के दौरे के दौरान सोमवार को मैसूर में एक जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान प्र.म. मोदी ने मौजूद लोगों से सवाल किया कि कर्नाटक की जनता कमिशन वाली सरकार चाहती है या मिशन वाली सरकार। यही नहीं, उन्होंने कर्नाटक की सत्तारूढ़ कांग्रेस सरकार पर समाज को बांटने का आरोप भी लगाया।
बता दें कि कर्नाटक में इसी वर्ष विधानसभा चुनाव होने वाले हैं, जिसके मद्देनजर राजनीतिक दल जीत के लिए हर एक संभव कोशिशों में जुटे हुए हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने कर्नाटक के दौरे में पैलेस हमसफर एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाई। यह ट्रेन मैसूर से उदयपुर तक चलेगी। इसके साथ ही कर्नाटक के श्रवणबेलगोला में भगवान बाहुबली के महामस्तकाभिषेक कार्यक्रम में प्र.म. नरेंद्र मोदी ने शिरकत की। 25 वर्षों में यह भारतीय प्रधानमंत्री का पहला दौरा है। प्र.म. मोदी ने मैसूर में एक जनसभा को भी संबोधित किया।
‘कमीशन या मिशन वाली सरकार’
एक बार फिर प्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस सरकार पर कमीशन खोरी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, मैंने बेंगलुरू में कहा था कि ये 10 प्रतिशत कमीशन का कारोबार है। लोग नाराज हो गए। कुछ ने मैसेज किया, फोन किया। नाराजगी व्यक्त की और कहा कि आपकी जानकारी सही नहीं है, ये दस नहीं ये इससे भी ज्यादा वाले हैं। इससे आगे प्रधानमंत्री ने कहा, मैं कर्नाटक के लोगों का गुस्सा समझ सकता हूं, देश का नौजवान जाग चुका है। देश को लूटने देने के लिए तैयार नहीं है। मैं आपसे सवाल पूछता हूं कि कर्नाटक में कमीशन वाली सरकार चाहिए या मिशन वाली सरकार चाहिए?
इससे अलावा प्रधानमंत्री ने केंद्र की यूपीए सरकार को भी घेरा। उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के दौरान पार्लियामेंट के अंदर जब रेल बजट रखा जाता था तो तमाम ट्रेनों की घोषणाएं होती थीं, लेकिन जब हमने सरकार में आकर इन योजनाओं के बारे में पूछा तो पता चला कि 1500 प्रोजेक्ट का संसद में ऐलान तो हुआ, लेकिन उन पर कोई काम नहीं हुआ।
दो प्रोजेक्ट का ऐलान
ठ्ठ इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने दो नए प्रोजेक्ट्स का ऐलान किया। उन्होंने बेंगलुरू-मैसूर नेशनल हाईवे का 6 लेन में विस्तार करने की घोषणा की। उन्होंने बताया कि साढ़े 6 हजार करोड़ से ज्यादा लागत से 117 किमी का 6 लेन बनेगा जिसके तहत दो हिस्सों में काम शुरू होगा। पहले हिस्से में बेंगलुरू से निरागाटा और दूसरे हिस्से में निरागटा से मैसूर तक हाईवे विस्तार किया जाएगा।
ठ्ठ मैसूर का रेलवे प्लेटफॉर्म, सैटेलाइट रेलवे स्टेशन बनेगा। उन्होंने बताया यह नागड़ाहली में बनेगा और इस पर करीब 800 करोड़ रूपया खर्च होगा। प्रधानमंत्री ने बताया कि ये मॉर्डन स्टेशन होगा और मल्टी स्टोरी होगा।

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