Tuesday , 20 February 2018
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तीनों उपचुनावों में भाजपा की करारी हार

जयपुर। प्रचंड बहुमत से केंद्र की सत्ता पर काबिज, 19 राज्यों में सरकार चला रही दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी भारतीय जनता पार्टी के विजय रथ को 150 साल बाद दिखे चंद्रग्रहण के अगले ही दिन जैसे ग्रहण लग गया। वो भी उस सूबे में जहां लोकसभा हो या विधानसभा पार्टी की पिछले कुछ सालों में तूती बोल रही थी। लोकसभा में जब वित्त मंत्री अरूण जेटली मोदी सरकार का आखिरी पूर्ण बजट पेश कर रहे थे और उनकी एक-एक घोषणा पर प्रधानमंत्री समेत सत्ता पक्ष क सांसद मेजें थपथपा रहे थे, उसी समय कुछ ही सौ किलोमीटर दूर अजमेर और अलवर में लोकसभा चुनाव में ही उसके उम्मीदवार वोटों की लड़ाई में धूल चाट रहे थे। बात सिर्फ लोकसभा उपचुनाव की ही नहीं बल्कि विधानसभा की एक सीट के लिए हुए चुनाव में भी मांडलगढ़ से भाजपा उम्मीदवार को हार का सामना करना पड़ा।
राजस्थान की ‘‘सत्ता का सेमीफाइनल’’ माने जाने वाले 2 लोकसभा और एक विधानसभा उपचुनाव में भाजपा को तगड़ा झटका लगा। वसुंधरा राजे अपनी पूरी कैबिनेट लगाने के बावजूद एक भी सीट वापस नहीं ले पाईं और राज्य की तीनों सीटों पर कांग्रेस ने जीत का परचम लहरा दिया। भाजपा खेमा मायूस है तो राज्य में 10 महीने के बाद होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस इस जीत को संजीवनी मानकर आत्मविश्वास से लबरेज है। अलवर, अजमेर लोकसभा और मांडलगढ़ विधानसभा सीट पर पार्टी को जबर्दस्त जीत मिली है।
राज्य की ये तीनों सीट भाजपा के पास थीं। अजमेर सीट से भाजपा सांसद प्रो. सांवर लाल जाट, अलवर से सांसद चांद नाथ योगी और मांडलगढ़ विधानसभा से विधायक कीर्ति कुमारी के निधन के चलते उपचुनाव हुए थे।
अलवर लोकसभा सीट से कांग्रेस के डॉ. करण सिंह यादव ने भाजपा के डॉ. जसवंत यादव को 1,96,496 वोटों से मात दी। वहीं अजमेर लोकसभा सीट पर कांग्रेस के डॉ. रघु शर्मा ने भाजपा के रामस्वरूप लाम्बा को 84414 मतों से मात दी। मांडलगढ़ विधानसभा सीट पर भी भाजपा कई राउंड आगे रहने के बाद पिछड़ गई और 12976 मतों से उसे हार का सामना करना पड़ा। कांग्रेस उम्मीदवार विवेक धाकड़ ने भाजपा के शक्ति सिंह को हराकर यहां से जीत का परचम लहराया।
उपचुनाव में अक्सर देखा गया है कि सत्ताधारी दल ही जीत दर्ज करता है, लेकिन राजस्थान के मामले में तो सत्ताधारी भाजपा का सूपड़ा साफ हो गया। 2016 के बाद से राज्य में छठी बार उपचुनाव हुए हैं। इनमें से 4 बार भाजपा को हार का मुंह देखना पड़ा है।‘राजस्थान की जनता ने भाजपा को नकारा’
नई दिल्ली। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने राजस्थान की अजमेर और अलवर संसदीय तथा मंडलगढ़ विधानसभा सीटों पर कांग्रेस उम्मीदवारों की जीत के लिए पार्टी की राज्य इकाई को बधाई देते हुए कहा कि उपचुनाव के इन परिणामों से साफ हो गया है कि राजस्थान की जनता ने भाजपा को नकार दिया है। गांधी ने ट््वीट किया, राजस्थान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कमाल कर दिया। आप सब पर मुझे गर्व है। उन्होंने तीन सीटों पर हुए उपचुनाव में कांग्रेस की जीत पर कहा, यह राजस्थान की जनता द्वारा भाजपा को नकारना है।
कांग्रेस पार्टी ने भी इस जीत के लिए राजस्थान प्रदेश कांग्रेस को बधाई दी है। पार्टी के संचार विभाग के प्रमुख रणदीप सिंह सुरजेवाला ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा कि राजस्थान की जनता ने मोदी सरकार के चार साल के कामकाज पर ‘‘मुहर’’ लगा दी है। उन्होंने कहा कि नोटबंदी के बाद जितने भी संसदीय उप चुनाव हुए हैं सबमें भाजपा की हार हुई है। सुरजेवाला ने इस जीत पर नारा देते हुए कहा ‘‘पहले राजस्थान, 2019 में सारा हिंदुस्तान।’’

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