कोरोना एंट्री से घबराई लेकसिटी

0
448


दहशत इसलिए पीडि़त का चाचा ओगणा थाने का होमगार्ड
आंटी एमबी की स्वाईन फ्लू वार्ड इंचार्ज

पूरा थाना आईसोलेटवार्ड स्टॉफ आईसोलेट
रात 2 बजे मिली राहत की खबर : संपर्क में आए 17 में से 13 की रिपोर्ट नेगेटिव, 4 की आज आएगी
3 किमी क्षेत्र में 16 तक घरों से बाहर आने पर पाबंदी
पुलिस ने किया रूट मार्च बहन 3 माह पूर्व आई चीन से, रिपोर्ट नेगेटिव


नगर संवाददाता & उदयपुर
उदयपुर में कोरोना पॉजिटिव का पहला केस आने के बाद से ही हड़कंप का माहौल बना हुआ है। पुलिस ने पूरे एरिए को सील कर दिया है और किसी को भी नहीं जाने दिया जा रहा है। इसके साथ ही पुलिस की टीमें गली-गली में गश्त करते हुए लगातार लोगों को अपने घरों में रहने की अपील कर रही है। इधर पीडि़त का चाचा होमगार्ड में कांस्टेबल होने के कारण उसे ओगणा थाने में लगाया था, जैसे ही कोरोना पॉजिटिव की घोषणा हुई तो तत्काल ओगणा थानाधिकारी के साथ-साथ थाने का पूरा जाब्ता आईसोलेट हो गया है। इसी तरह पीडि़त की चाची एमबी चिकित्सालय में स्टॉफ नर्स है और स्वाइन फ्लू वार्ड की इंचार्ज है ऐसे में पूरे एमबी चिकित्सालय पर खतरा मंडरा रहा है।
दोपहर को जैसे ही इस 15 वर्ष के किशोर में कोरोना की पुष्टि हुई तो तत्काल पुलिस, निगर निगम, प्रशासन और चिकित्सा विभाग की टीमें इस क्षेत्र में पहुँच गई। पुलिस की टीमों ने पूरे क्षेत्र का घेराव कर लिया और तीन किलोमीटर के क्षेत्र को सीज कर दिया। इसके साथ ही किसी को भी घर से बाहर निकलने पर उसके साथ सख्ती की जा रही है। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर गोपाल स्वरूप मेवाड़ा के नेतृत्व में पुलिस लाईन, एमबीसी और आरएसी के जवान इस क्षेत्र में एकत्रित हुए और पूरे क्षेत्र को क्यूरेनटाईन में बदल दिया है। पुलिस के जवान किसी को भी बाहर नहीं निकलने दे रहे है और जो भी बाहर निकल रहा है उसे सख्ती से अंदर भेज रहे है।

पुलिस जवानों ने हर गली के बाहर बेरिकेट्स लगा दिए है, इसके साथ ही लोगो को अपने-अपने घरों में रहने के लिए चेताया गया है। जो भी घर से बाहर निकल रहा है, उसे जबरन भगाया जा रहा है। नहीं मानने वालों के खिलाफ कठोर कार्यवाही की जा रही है। रात्रि को पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों का अमला, पूरे लाव-लश्कर और सैंकड़ों जवानों के साथ मल्लातलाई में पहुँचे और पूरे क्षेत्र में रूट मार्च किया और लोगों को चेतावनी दी कि कोई भी घर से बाहर नहीं निकले। शाम को जिला पुलिस अधीक्षक कैलाश चन्द्र विश्रोई भी इस क्षेत्र में गए और कई क्षेत्रों में पैदल घूमे। पुलिस अधीक्षक ने सभी क्षेत्रवासियों को अपने ही घर में रहने के लिए कहा।सायरन बजाते आया गाडिय़ों का काफिला घरों में दुबके लोग
मल्लातलाई सहित तीन किलोमीटर क्षेत्र में घूम रही पुलिस के वाहनों के कौतूहल से देख रहे है। पुलिस की सभी गाडिय़ा तेज आवाज में सायरन बजाते हुए घूम रही है।

जिससे लोगों में दहशत का माहौल बना हुआ है और लोगों को यह समझ में नहीं आ रहा है कि अब वे कितने दिनों तक अपने घर में रहेंगे और आखिर कब बाहर निकलेंगे।आनन-फानन में तैयार करवाना पड़ा वार्डमहाराणा भूपाल चिकित्सालय में बच्चे के कोरोना पॉजिटिव आने के बाद हड़कंप मच गया। सूत्रों के अनुसार कुछ समय तक तो यह तय ही नहीं हो सका कि आखिर पेशेंट को कहां रखना है। उसके बाद टीमवर्क करते हुए फ्लोर तय किया गया। इस दौरान सुपर स्पेशलिटी विंग के कमरों के पूरी तरह से तैयार नहीं होने का भी मसला सामने आया। आनन-फानन में मैनपावर लगा कर कमरे साफ करवाए गए व पेशेंट को शिफ्ट किया गया। सूत्रों ने यह भी बताया कि अभी वार्ड में कुछ फिटिंग संबंधी काम अंतिम चरण में है। लॉकडाउन होने से यह काम अटक गया था। संभवत: इसे एक दिन में पूरा कर दिया जाएगा। बताया यह भी गया कि जांच से जुड़े सभी डाक्टरों व नर्सिंग सहित अन्य स्टॉफ को तय मानकों के अनुसार दवाइयां लेने तथा अतिरिक्त सावधानी बरतने के भी निर्देश दिए गए।
जानकारी के अनुसार पीडि़त की बहन तीन माह पूर्व चीन गई थी और कुछ दिनों तक वहां पर रहने के बाद आई थी, हालांकि इसकी रिपोर्ट नेगेटिव आई थी। इधर इस किशोर के दादा चिकित्सक है और सरकारी सेवा से सेवानिवृत हुए थे। जो अपने घर में ही रहते है और प्रेक्टिस करते है।दूध और अन्य सप्लाई को रोका
मल्लातलाई सहित तीन किलोमीटर क्षेत्र में कफ्र्यू लगने के बाद से ही स्थिति गंभीर हो गई है। इस क्षेत्र में शाम को होने वाली दूध सप्लाई को रोक दिया। सभी दूधियों को पुलिस ने बाहर से ही लौटा दिया और स्पष्ट रूप से कह दिया कि वे अब अगले आदेशों का इंतजार करें।

निगम ने किया सेनेटाईजर का छिड़काव
इधर नगर निगम का दस्ता इस क्षेत्र में फायर बिग्रेड में सेनेटाईजर लेकर पहुँचा और छिड़काव किया। निगम की टीम ने पॉजिटिव मरीज के घर में जाकर छिड़काव किया और पूरे घर को सेनेटाईज किया। इसके साथ ही निगम की टीम ने पीडि़त के घर के बाहर खड़े वाहनों के साथ-साथ पूरे मोहल्ले को सेनेटाईज किया और कैमिकल छिड़काव किया।

60 टीमों ने 9 हजार लोगों का किया सर्वे
आरएनटी मेडिकल कॉलेज के रेपिड रेस्पोन्स टीम एवं जिला प्रशासन ने 3 किमी कन्टेन्मेन्ट जोन निर्धारित किया। हाउस टू हाउस सर्वे के लिये पूर्व निर्धारित 120 लोगों की 60 टीमों टीमों सर्वे किया। जिसमें कुल 1888 घरों का सर्वे किया गया जिसमे 9664 व्यक्तियों की स्क्रीनिंग की गई जिसमें 6 लोगों मेंं सर्दी जुकाम के मरीज मिले। जिन्हें दवाईयां दी गई। इनमें से किसी को भी अस्पताल रेफर नहीं किया गया। इन घरों में 2 व्यक्ति भीलवाडा से आये थे जो कि स्वस्थ है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here